श्मशान कांड में पुलिसिया कार्रवाई से डर के माहौल को दूर करने को मढ़ौरा एसडीओ ने बैठक
श्रीनारद मीडिया, विक्की बाबा, मशरक, सारण (बिहार):
सारण जिला के मशरक के बहरौली गांव में श्मशान की भूमी के विवाद को लेकर पुलिस और ग्रामीणों की झड़प के बाद गांव में पुलिसिया गिरफ्तारी के भय के माहौल को दूर करने के लिए मढ़ौरा एसडीओ डॉ प्रेरणा सिंह के नेतृत्व में दुमदुमा शिव मंदिर के प्रांगण में शाति समिति की बैठक आयोजित की गयी।
आपको बता दें कि गांव में श्मशान के विवाद को लेकर ग्रामीण महिलाओं के बीच मारपीट में पहुंची पुलिस टीम से भी झड़प हो गई जिसमें पुलिस के दो कर्मी और 11 ग्रामीण भी घायल हो गए। वहीं पुलिस टीम के भागने के दौरान एक शख्स भी गंभीर रूप से घायल हालत में इलाज के लिए पटना में भर्ती कराया गया है। वहीं मामले में थाना पुलिस के द्वारा 3 अलग अलग प्राथमिकी दर्ज कराई गई।
जिसमें पुलिस ने 36 लोगों को गिरफ्तार कर मंडल कारा छपरा भेज दिया। वहीं दर्ज प्राथमिकी में सैकड़ों नामजद और अज्ञात की गिरफ्तारी के भय से गांव के महिला पुरूष गांव छोड़ फरार हो गए हैं वहीं गांव में भय का माहौल बना हुआ है। इसी बीच गांव में लोगों के नहीं रहने का फायदा चोरों ने उठाया और गांव के तीन घरों से लाखों रूपए की संपत्ति चोरी कर ली।
शांति समिति की बैठक में डीएसपी अमरनाथ, इंस्पेक्टर अशोक कुमार सिंह,सीओ सुमंत कुमार, बीडीओ पंकज कुमार समेत अन्य मौजूद रहें। वहीं सैकड़ों ग्रामीणों के साथ पूर्व विधायक तारकेश्वर सिंह,बीडीसी प्रतिनिधि चुनमुन बाबा,पैक्स अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह,शिव कुमार यादव,दिलीप यादव समेत अन्य मौजूद रहें। मढ़ौरा एसडीओ ने गांव की महिलाओं से बात चीत की जिसमें महिलाओं ने थानाध्यक्ष मशरक पर गंभीर आरोप लगाए, महिलाओं ने कहां श्मशान की भूमी उनके दादा परदादा के समय जहां पर मरने के बाद शव का दाह संस्कार किया जा रहा था उसी जमीन को लेकर पिछले बीते महीने से कब्जा को लेकर विवाद चल रहा था जिस पर सीओ ने जमाबंदी रद्द कर सीमांकन करने का आश्वासन दिया था।
लेकिन इसी बीच में श्मशान विवाद को लेकर गांव की महिलाओं के बीच मारपीट हो गई जिसमें पहुंची पुलिस टीम ने ही महिलाओं से मारपीट की जिसमें पुलिस टीम की महिला और कर्मी घायल हो गयी, ग्रामीणों के द्वारा कोई भी हमला नहीं किया गया। मौके पर मढ़ौरा एसडीओ ने ग्रामीणों की सारी बातों को सुननें के स्पष्ट रूप से कहा कि गांव में श्मशान की भूमी उनकी हैं पहले से श्मशान था हैं और भविष्य में श्मशान ही रहेगा ऐसी किसी भी अफवाहें पर ध्यान नहीं देंगे। उक्त भूमी की जमाबंदी रद्द करने की प्रकिया चल रही है जल्द ही आपकों इससे अवगत कराया जाएगा।
वहीं पुलिस के द्वारा दर्ज प्राथमिकी के बारे में बताया जिनका भी गलत तरीके से नाम आ गया है वे अपना एक आवेदन डीएसपी मशरक को दें उनके साथ न्याय किया जाएगा। और इस मामले की जिलास्तरीय जांच टीम भी जांच करेंगी इसके लिए आप सभी सबसे पहले अपने अपने घरों को लौटे और सभी अपने अपने कार्यों में लगें। उन्होंने कहा कि आप सभी घर पर आपको यदि कोई भी दिक्कत आती है तो उनसे भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
मढ़ौरा एसडीओ ने महिलाओं से कहां कि किसी भी तरह के बहकावे पर ध्यान नहीं देना हैं। सबको गांव में रहना हैं किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं आएंगी। किसी के बहकावे में नहीं आए ,यदि दूसरे तीसरे की बातों में आएंगे तों गांव में बहुत दिक्कत आएंगी ।
वहीं मौके पर गांव के ही दोनों आंखों से अंधे युवक ने अपनी शिकायत दर्ज कराई कि पुलिस ने पहले मारा और इलाज के लिए सीएचसी मशरक में भर्ती कराया जहां इलाज के बाद शिकायत दर्ज कराने पर पुलिस के द्वारा रोका गया और फिर से उसे सड़क पर निकाल अभद्र व्यवहार के साथ मारपीट भी किया गया। शांति समिति की बैठक के बाद सभी पदाधिकारियों ने गांव में फ्लैग मार्च किया और गांव में ग्रामीणों से मुलाकात की और उनके सभी से गांव में घरो में ही रहने की अपील की।
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